VIDEO: लोगों को पता है 'आयेंगे तो मोदी ही', महाराष्ट्र में दहाड़े सीएम योगी

VIDEO: लोगों को पता है 'आयेंगे तो मोदी ही', महाराष्ट्र में दहाड़े सीएम योगी 




News With Achyut Lok Sabha Election 2024:  उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को महाराष्ट्र के वर्धा में एक जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि यह आजादी के बाद पहला लोकसभा चुनाव है, जहां नतीजों से पहले ही जनता को पता है कि 'आएंगे तो मोदी ही'।

लगातार तीसरी बार सत्ता में आ रही बीजेपी

सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में, जो संसद में सबसे अधिक सांसद (80 लोकसभा सीटें) भेजता है, लोग भाजपा का समर्थन करने के लिए आश्वस्त हैं। उन्होंने कहा, 
 
2024 के चुनाव में पहला मतदान 19 अप्रैल को होना है। मैं उत्तर प्रदेश से आया हूं, जहां 80 लोकसभा सीटें हैं। यहां सात चरणों में मतदान होगा। हर कोई इसे लेकर आश्वस्त है कि सत्ता में लगातार तीसरी बार बीजेपी आ रही है। इसी तरह का आत्मविश्वास राजस्थान में भी है। 
संभवत: आजादी के बाद यह पहला चुनाव है, जिसके नतीजों से जनता पहले से ही वाकिफ है। वह नतीजा है 'आयेंगे तो सिर्फ मोदी'।

 'आयेंगे तो मोदी ही'


सीएम योगी ने कहा कि पीएम मोदी ने पिछले 10 वर्षों में भारत को एक नई पहचान, सम्मान और सुरक्षा दी है।  इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए मैं विश्वास के साथ कह सकता हूं कि 'आएंगे तो मोदी ही'। उन्होंने कहा,
आज दुनिया में भारतीय पासपोर्ट की कीमत बढ़ गई है। लेकिन 2014 से पहले दुश्मन भारत की सीमा में घुस आते थे। सरकार आंखें बंद कर लेती थी। अब सीमा सुरक्षित हो गई है। आतंकवाद की सबसे बड़ी जड़ कश्मीर में धारा 370 थी। जो काम 1952 से 2014 तक नहीं हो सका वह मोदी जी ने कर दिखाया। गरीब कल्याण योजना, उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत, किसान सम्मान निधि योजना और ऐसी अनेक योजनाओं का लाभ करोड़ों लोगों को मिल रहा है।

महात्मा गांधी ने वर्धा को बनाई अपनी कर्मभूमि

सीएम योगी आदित्यनाथ ने यह भी बताया कि भारत की आजादी का नेतृत्व करने वाले राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने वर्धा को अपनी कर्मस्थली बनाया था। उस समय विदेशी शासन को हिलाने के लिए उन्होंने जो अभियान शुरू किया था, उसे महाराष्ट्र के लोगों ने अपनाया और भारत की आजादी को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में योगदान दिया। 

500 साल बाद अयोध्या में रामलला ने खेली होली


सीएम योगी ने कहा कि यूपी में होली के रंगोत्सव के लिए मथुरा और वृंदावन की पहचान की गई थी। पहले गाना बजाया जाता था 'होली खेले रघुवीरा अवध में', लेकिन भगवान राम ने 500 साल तक अवध में होली नहीं खेली। पहली बार रामलला ने अयोध्या से नए भारत की तस्वीर दिखाई है।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

सफर में धूप तो होगी अगर चल सको तो चलो.....

दोस्ती की दर्दभरी कहानी

पण्डित दीनदयाल उपाध्याय